राम जन्मभूमि परिसर में काशी के विद्वान जयप्रकाश त्रिपाठी के नेतृत्व में 101 आचार्य के द्वारा सात मंदिरों में प्राण प्रतिष्ठा अनुष्ठान गुरुवार को संपन्न हुआ. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति में गंगा दशहरा के पावन पर्व पर अभिजित मुहूर्त में गुरुवार को श्रीराम दरबार के साथ मन्दिर परिसर के सभी नवनिर्मित देवालयों में एक साथ सामूहिक मंत्रोच्चार के साथ प्राण प्रतिष्ठा हुई. त्रिदिवसीय समारोह के अंतिम दिन प्रातः 6:00 बजे प्राण प्रतिष्ठा अनुष्ठान को प्रारंभ किया गया. सुबह सबसे पहले सभी विग्रहों का अभिषेक पूजन संपन्न हुआ. उसके बाद मौसम के अनुकूल वस्त्र भी धारण कराया गया. वैदिक आचार्य के द्वारा स्थान पूजन संपन्न करने के साथ राम मंदिर के प्रथम तल पर स्थापित राम दरबार की मूर्ति का भी पूजन प्रारंभ किया गया. भगवान राम को चांदी से बने धनुष बाण भी धारण कराया गया.
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राम मंदिर में राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा के बाद कहा कि आज भगवान श्री राम की पावन जन्मभूमि अयोध्या धाम में श्री राम जन्मभूमि मंदिर के प्रथम तल पर श्री राम दरबार सहित आठ मंदिरों में विराजमान देव प्रतिमाओं की प्राण-प्रतिष्ठा हेतु आयोजित कार्यक्रम का साक्षी बनने का सौभाग्य प्राप्त हो रहा है. यह पावन अवसर ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ की नई अभिव्यक्ति है। सियावर श्री रामचंद्र की जय!
गंगा दशहरा पर राम मंदिर के प्रथम तल पर माता सीता संग राजाराम की प्राण प्रतिष्ठा आज अभिजीत मुहूर्त में होगी. उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पहली आरती उतारेंगे. इसको लेकर मुख्यमंत्री अयोध्या पहुंच चुके हैं. राम कथा पार्क स्थित हेलीकॉप्टर पर लैंड करने के बाद उनका काफिला सबसे पहले हनुमानगढ़ी मंदिर पहुंचा. जहां दर्शन पूजन करने के बाद मठ के संतों से मुलाकात की. महंत संत रामदास, महंतराजू दास महंत संजय दास पुजारी हेमंत दास सहित अन्य संतों ने मुख्यमंत्री को जन्मदिन की बधाई दी.
