दिल्ली: नौ महीने से अंतरिक्ष में फंसे दो एस्ट्रोनॉट आखिरकार मंगलवार को स्पेसएक्स कैप्सूल में सवार होकर इंटरनेशन स्पेस स्टेशन से रवाना हो गए. इस बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने NASA की एस्ट्रोनॉट सुनीता विलियम्स को एक पत्र लिखकर उन्हें भारत आने का निमंत्रण दिया है. इस पत्र को केंद्रीय मंत्री डॉ जितेंद्र सिंह ने माइक्रो ब्लॉगिंग साइट एक्स पर शेयर किया है.
पीएम मोदी ने अपने लेटर में लिखा, “मैं आपको भारत के लोगों की ओर से शुभकामनाएं देता हूं. आज एक कार्यक्रम में मेरी मुलाकात प्रसिद्ध अंतरिक्ष यात्री माइक मैसिमिनो से हुई. हमारी बातचीत के दौरान आपका नाम आया और हमने चर्चा की कि हमें आप पर और आपके काम पर गर्व है. इस बातचीत के बाद मैं खुद को आपको पत्र लिखने से नहीं रोक पाया.
प्रधानमंत्री ने अपने लेटर में लिखा कि भले ही आप हजारों मील दूर हैं, लेकिन आप हमारे दिलों के करीब हैं. भारत के लोग आपके अच्छे स्वास्थ्य और आपके मिशन में सफलता के लिए प्रार्थना कर रहे हैं.आपकी वापसी के बाद, हम आपको भारत में देखने के लिए उत्सुक हैं. भारत के लिए अपनी बेटियों में से एक की मेजबानी करना खुशी की बात होगी.
पीएम मोदी के लेटर को शेयर करते हुए जितेंद्र सिंह ने कहा कि पूरी दुनिया सुनीता विलियम्स की सुरक्षित वापसी के लिए बेसब्री से इंतजार कर रही है, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत की इस बेटी के लिए अपनी चिंता की. पीएम ने कहा कि भले ही आप हजारों मील दूर हों, लेकिन आप हमारे दिल के करीब हैं. सुनीता ने भी इस भाव से अभिभूत होकर प्रधानमंत्री मोदी और भारत के प्रति आभार व्यक्त किया.
बता दें कि मंगलवार को न्यूयॉर्क समयानुसार सुबह 1बजकर 5 मिनट पर सुनीता विलियम्स और बुच विल्मोर, दो अन्य चालक दल के सदस्यों के साथ ड्रैगन कैप्सूल के अन्दर बैठे और इंटरनेशन स्पेस स्टेशन से रवाना हुए.यह कैप्सूल स्पेस से होते हुए वायुमंडल से गुजरेगा और पैराशूट के सहारे पृथ्वी पर आएगा. स्थानीय समयानुसार यह शाम 6 बजे फ्लोरिडा तट पर लैंड करेगा.